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Showing posts from June, 2018

do the most different thing..(funny story)

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यह कहानी एक स्कुल की है, जहाँ ढेर सारे student पड़ते थे । जहा class में हर रोज एक नया topick पर discussion चलता रहता था । आज का दिन physics का class चल रहा था । तभी हमारे class teacher ने physics का, एक topick लिया । जिस topick का नाम था, प्रकाश (light) सभी ने अपने - अपने सब्दो में जब दिया। किसी ने कहा प्रकाश (light) light वह है, जिसके मदद से हम वस्तुओ को देखते है, तो किसी ने कहा light वह है, जो सूरज (Sun) से जो निकलता है वह light है । पर class के  सबसे पीछे बाले bench पर बैठे हुए छात्र (Student) ने जो जबाब दिया । वह बहुत ही, गजब था । सुनते ही सब के होस उड़ गए, उसने कहा प्रकाश (light) वह है जो दिन में दीखता है और रात में नहीं वह प्रकाश (light) है । सुनते ही सब से होस उड़ गए ।             फिर अगले दिन जिव - विज्ञान (biological) का class था, ओहा फिर से एक नया topick पर discussion  चल रहा था । उस topick का नाम था दर्द (pain) । उस दिन techer ने  दर्द (pain) के बारे में सब से बरी - बरी से पूछ रहा था ।   तो ओहा बैठा पहला student ने कहा दर्द वह होता है, जब किसी को किसी से

Parents love is never less.

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 ये कहानी एक गरीब माता - पिता है । जिनके जीने का सहारा मात्र एक उनका बेटा है । उस बेटे के जन्म के बाद सब कुछ अपने बेटे को ही मान लिए थे । उस बेटा का नाम "मंडला" रखा गया । उन्होंने अपने बेटे को पांचवाँ साल(five year's) से ही, पढ़ाना शुरू कर दिये ।            जैसे - जैसे उसका आयु बीतता गया वसै - वसै अपना वर्ग ऊपर चलता गया । जब ओ द्सम वर्ग पास किया को आगे पड़ने के लिए उनके माता - पिता के पास पढ़ाने के लिए पैसा नहीं था । उसके माता - पिता ने उसे पढ़ाने के लिए अपना खेत बेच दिये ।       फिर कुछ ही दिनों बाद उनके बेटे को नौकरी मिल गई, और उसने अपना शादी भी अपना मन से कर लिया ।  जब वो अपने माता - पिता से मिलने जाता है, तो उसने अपने माता - पिता को कहा आप दोनों इसी गाँव में रहिये मैं जा रहा हूँ । अपने नोकरी पर परन्तु उनके माता - पिता को बहुत शौख था, की बेटा नौकरी करेगा तो हम उसके साथ रहेंगे । इस बात सुनकर ओ हैरान हो गए । पर ओ मान गए और अपने गाँव में ही रहने लगे । बेटा अपना पत्नी के साथ शहर में रहने लगा ।         तभी कुछ दिनों बाद उसके पत्नी ने एक बच्चा को जन्म दिया । जिसे

Just change the thinking.

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ये कहानी कलु और डिलु का है । कलु एक संत (saint) महात्मा है, जो अपने आश्रम में बहुत सारे भक्तो को पूजा करता था । परन्तु उसे यह नहीं पता था, की हम जब भक्तो को पूजा कराते है, तब सारे भक्त जन सो रहे होते है । डिलु एक चोर बदमाश डाकू था, जिसका नाम सुनकर आस-पास के गाँव के लोग । भगवान के याद करने लगते थे । परन्तु डिलु को यह मालूम नहीं था कि मेरे नाम सुनते ही सब भगवान को याद करते है । आचनक से एक ही दिन दोनों की मौत हो गई । तब जब सामने खड़ा यमराज ने पूछा कलु से की तुम क्या करते थे तो उन्होंने बोला की हम संत महात्मा है, हम लोगो को पूजा करते थे । तब यमराज ने बोले की तुम लो काले चादर और नर्क लोक जाओ । अब बारी थी डिलु की तो डिलु से यमराज ने पूछे की तुम क्या करते हो तो उसने कहा महाराज मैं एक चोर बदमाश डाकू हूँ । तभी यमराज ने कहा लो सूती वस्त्र और जाओ स्वर्ग जाओ । तभी कलु जो संत महात्मा था, उसने कहा महाराज ओ डाकू को स्वर्ग और हम संत को नर्क लोक क्यू, तभी यमराज ने कहा कि तुम जब भक्त को पूजा करते थे तब सब सो रहे होते थे।                              लेकिन  डिलु के नाम सुनते ही सब गाँव ले लोग भगवान क

True love's always have a great

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ये कहानी एक गाँव का है, जहाँ बहुत सारे घर थे । उन्हीं घरों में से एक "ललन" का घर था । उस घर में ललन के साथ उसके सारे परिवार रहते थे । ललन का जन्म इसी गाँव में हुआ था । ललन अपनी द्सम वर्ग तक पढ़ाई - लिखाई अपने गाँव में रहकर किया । जैसे ही ओ द्सम वर्ग उतीर्ण हुआ तो, ओ उच्च शिक्षा प्राप्त के लिए अपने गाँव से शहर रोजाना जाता था । जब वो उच्च शिक्षा पर्याप्त लिया ।  तो उसका माता - पिता ने उसके बिना पूछे उसके शादी गाँव की एक लड़की से  तय कर दिये । ओ अपने माता - पिता के बात ताल नहीं  इस लिए वो (ललन), उस लड़की से शादी के लिए राजी हो गया । शादी के कुछ ही दिनों बाद शहर में एक बड़ा सेठ 'शेखर' ने एक प्रितियोगता रखा जिसमे एक ईमान के रूप में दस करोड़ (ten crore ) था । इस प्रितियोगता में दूर दूर से सब लोग भाग लेने आए हुए थे उन्ही में से ये एक "ललन" भी था । अब बारी थी, प्रितियोगता आरंभ होने की जब शुरू हुआ तो सब के बरी-बरी से नंबर आए । अंत में "ललन" के नंबर आए ललन के आते ही सब हँसने लगे क्यू की ओ छोरा गाँव का था, उसका रहन-शहन, बोल-चाल सब गाँव का था । इस